जोन स्तरीय इंग्लिश संत समागम : नम्रता, शांति और सद्भावना अपनाने से ही जीवन खुशहाली - Pinkcity News

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Saturday, 14 December 2019

जोन स्तरीय इंग्लिश संत समागम : नम्रता, शांति और सद्भावना अपनाने से ही जीवन खुशहाली

जयपुर:- मानसरोवर गोखले मार्ग सेक्टर 9 स्थिति केंद्रीय कर्मचारी आवास कल्याण समिति के सामुदायिक केंद्र में शनिवार को दिल्ली से आये  संत निरंकारी मिशन के केंद्रीय प्रचारक एस. पी. एस दलाल की अध्यक्षता में जोन स्तरीय अंग्रेजी माध्यम संत समागम का आयोजन हुआ।  संत समागम में जोन के जयपुर ,दौसा,करौली जिलों से 33 निरंकारी  शाखाओं से ईएमएस के बच्चों सहित संत महात्माओं ने भाग लिया।
 इस अवसर पर केंद्रीय प्रचारक एस. पी. एस दलाल ने इंग्लिश संत समागम में श्रद्धालुओं को संबोधित करते हुए अपने विचारों में कहा कि नम्रता,शांति और सदभाव की कुंजी है जब इंसान अपने जीवन में नम्रता और एक तत्व के गुणों को अपनाता है तो उसके जीवन में शांति और सदभाव पैदा होते हैं उस अवस्था को जब हम प्राप्त करते हैं तो ही सही मायने में हम आध्यात्मिक मूल्यों की स्थापना भी करते हैं। संत निरंकारी मिशन संपूर्ण मानवता को आज यही संदेश दे रहा है कि नम्रता केवल दिखावे के लिए नहीं करनी है बल्कि अपने कर्मों में डालना भी है।  इंग्लिश संत समागम में दूर-दराज जिलों से आए हुए ईएमएस के बच्चों ने नुक्कड़ नाटक, पोयम, एवं विचारो से 31 प्रस्तुतियों के द्वारा सदभाव के भाव को जीवन में अपनाने की प्रेरणा देने के साथ सतगुरु के संदेश को जीवन मे धारण करने की बात कही।वही संत महात्माओं वह बहनों ने भी अंग्रेजी भाषा के माध्यम से इस निरंकार प्रभु की भक्ति और ज्ञान की महत्ता के बारे में समझाया।
 इस अवसर पर जोनल इंचार्ज संत सुनील बाली ने जोन के विभिन्न जिलों से आए हुए संत महात्माओं का आभार व्यक्त करने के साथ ही उन्होंने कहा कि आज अंग्रेजी  भाषा हमारे जीवन की अहम जरूरत बन चुकी है इंग्लिश भाषा के बिना हम अपने आप में एक अधूरे हैं चाहे देश हो या विदेश कई कई स्थानो पर हम अंग्रेजी भाषा के बिना हम अपने आचारो विचारों को एक दूसरे से आदान प्रदान भी नहीं कर पाते हैं आज सद्गुरु की कृपा से संत निरंकारी मिशन की देश भर की शाखाओं में  ईएमएस संगतो के बच्चे अंग्रेजी में भजनों, विचारों की प्रस्तुति देकर सद्गुरु का आशीर्वाद ले रहे हैं उन्होंने कहा कि हम सतगुरु की शरण में आकर इस निरंकार परमात्मा का ज्ञान प्राप्त करने के बाद प्यार, शांति और सद्भाव को हमारे जीवन में नहीं अपनाते हैं तो हमारे जीवन का कोई मोल नहीं है।  समागम में हजारों की संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लिया।

*प्रदर्शनी बनी आकर्षण का केंद्र:-*
 जोन स्तरीय इंग्लिश संत समागम में संत निरंकारी मिशन की आध्यात्मिक प्रदर्शनी आकर्षण का मुख्य केंद्र बनी रही। प्रदर्शनी में निरंकारी मिशन के 90 वर्षों के इतिहास को  प्रदर्शित किया गया।  प्रदर्शनी में मिशन के सामाजिक सरोकारों को प्रमुखता से प्रदर्शित करने के साथ एक को जानो एक को मानो एक हो जाओ, दीवार रहित संसार, रक्त नाड़ियों में बहे नालियों में नहीं, प्रदूषण अंदर का हो या बाहर का दोनों हानिकारक है ,धर्म जोड़ता है तोड़ता नहीं, जैसे संदेशों को प्रदर्शित कर मानव को मानवता का संदेश दिया।

*इंग्लिश समागम में बच्चों में दिखा को उत्साह* 
ईएमएस के बच्चों में अंग्रेजी माध्यम में हुए संत समागम को लेकर काफी उत्साह देखने को मिला। समागम में बच्चों के साथ बड़ी संख्या में  उनके पेरेंट्स ने भी दूर-दराज जिलों से भाग लिया। दूरदराज के जिलों से बच्चों सहित उनके पेरेंट्स समागम के एक दिन पूर्व शाम को ही जयपुर पहुंचे वही जयपुर जिले की विभिन्न निरंकारी शाखाओं से अलसुबह से बच्चों की पहुंचने की चहल-पहल नजर आने लगी।

*निस्वार्थ भाव से सेवादल के नौजवान जुटे रहे सेवा में* 
समागम की व्यवस्थाओं को लेकर सेवादल के नौजवान बहन -भाई समागम से पूर्व ही अपनी सेवा में  जुट हुए नजर आए। क्षेत्रीय संचालक मनोज कुमार खंगार के दिशा निर्देशन में सेवादल की बहन -भाइयों ने ड्यूटी चार्ट के अनुसार सेवाओं की जिम्मेदारी सौंपकर व्यवस्थाओं को संभाला। इस अवसर पर जिलेभर के निरंकारी ब्रांच के अनेक पदाधिकारी मौजूद थे। 


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